ईडी ने इफको के एमडी पर की कार्रवाई, करोड़ों की संपत्ति कुर्क,

ईडी ने इंडियन फार्मर्स फर्टिलाइजर कोआपरेटिव लिमिटेड (IFFCO) के एमडी यू एस अवस्थी (U S Awasthi) पर बड़ी कार्रवाई की है। प्रवर्तन निदेशालय ने धन शोधन मामले (Money Laundering Case) में अवस्थी की 54 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की संपत्ती कुर्क कर ली है। ईडी ने बुधवार को बताया कि कुर्क संपतियों में म्यूचुअल फंड, शेयर, बॉन्ड और बैंक डिपॉजिट शामिल हैं। जांच एजेंसी के अनुसार, अवस्थी और उनके परिवार के सदस्यों तथा अन्य पर 685 करोड़ रुपये के उर्वरक घोटाले (Fertiliser Scam) और रिश्वत देने का मामला है। ईडी ने जून में की गई इसी तरह की कार्रवाई में अवस्थी की 20.96 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क की थी।

685 करोड़ रुपये से अधिक की रिश्वत से जुड़ा है मामला
यह मामला 2007 से 2014 के बीच का है। मामला विदेशी आपूर्तिकर्ताओं द्वारा कथित रूप से रिश्वत के रूप में 685 करोड़ रुपये से अधिक के लेन-देन से संबंधित है। इसमें इफको के एमडी अवस्थी और इंडियन पोटाश लिमिटेड (IPL) के एमडी पी.एस. गहलोत के एनआरआई पुत्रों एवं अन्य लोगों का नाम है। मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (PMLA) के तहत मामले की जांच सीबीआई द्वारा 17 मई 2021 को रजिस्टर्ड एक मामले के आधार पर की गई थी।

जून 2021 की मीडिया रिपोर्ट के अनुसार केंद्रीय जांच एजेंसी सीबीआई ने IFFCO के पूर्व मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO के खिलाफ भ्रष्टाचार से जुड़े आरोप के मामले में एक FIR दर्ज करके 12 लोकेशन पर सीबीआई की टीम छापेमारी की थी। इस दर्ज FIR में दुबई की कंपनी और उससे जुड़े लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया था। उसी FIR में सांसद अमरेंद्र धारी सिंह को भी नामजद किया था, लेकिन उन्हें सांसद के तौर पर नहीं बल्कि दुबई स्थित एक फर्टिलाइजर कंपनी में सीनियर वाईस प्रेसिडेंट के पद पर कार्यरत होने का आरोप लगा था। उस कंपनी का नाम है- मेसर्स ज्योति ट्रेडिंग कॉर्पोरेशन (M/s. Jyoti Trading Corporation, Dubai). इस मामले में सीबीआई की टीम FIR दर्ज करने के बाद दिल्ली, हरियाणा के गुड़गांव सहित मुम्बई के कुल 12 लोकेशन पर छापेमारी की थी। दरअसल IFFCO और इंडियन पोटाश लिमिटेड कंपनी के खिलाफ मिले शिकायत के बाद सीबीआई की टीम ने ये कार्रवाई को अंजाम दिया था. इसने सब्सिडी के नाम पर भारत सरकार को करोड़ों रूपये का चूना लगा दिया था।

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इस केस में दर्ज FIR में नामजद आरोपी –

  • यू .एस. अवस्थी – IFFCO के पूर्व MD और CEO
  • परविंदर सिंह गहलोत – पूर्व MD ,इंडियन पोटाश लिमिटेड
  • अमोल अवस्थी – यू .एस. अवस्थी के पुत्र और प्रमोटर मेसर्स कैटेलिस्ट बिज़नेस एसोसिएट्स प्राइवेट लिमिटेड
  • अनुपम अवस्थी – यू .एस. अवस्थी के पुत्र और प्रमोटर मेसर्स कैटेलिस्ट बिज़नेस एसोसिएट्स प्राइवेट लिमिटेड
  • विवेक गहलोत – आरोपी परविंदर सिंह गहलोत के पुत्र
  • पंकज जैन – मेसर्स ज्योति ट्रेडिंग कॉर्पोरेशन ,दुबई
  • संजय जैन- मेसर्स ज्योति ट्रेडिंग कॉर्पोरेशन ,दुबई
  • अमरेंद्र धारी सिंह – दुबई स्थित एक फर्टिलाइजर कंपनी में सीनियर वाईस प्रेसिडेंट
  • राजीव सक्सेना – चार्टेड अकाउंटेंट
  • सुशील कुमार पचासिया
  • इफ्को के कई अज्ञात अधिकारी/कर्मचारी
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इस मामले में सीबीआई के साथ ईडी की टीम काफी तेजी से तफ़्तीश में जुट गई, ईडी ने इस मामले में मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत मामला दर्ज किया था।

मई 2021 की मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, जांच एजेंसी ने कहा कि 2007-14 के दौरान ज्यादा से ज्यादा सब्सिडी लेने के लालच में अवस्थी और गहलोत ने विदेशी आपूर्तिकर्ताओं से आपराधिक साजिश कर महंगे दामों पर खाद और कच्चे माल का आयात किया था। सीबीआई ने कहा कि अगस्ता वेस्टलैंड हेलिकॉप्टर खरीद घोटाले में रिश्वत के लेनदेन के लिए भी इसी तरह का हथकंडा अपनाया गया था, जिसमें सक्सेना के खिलाफ जांच चल रही है। सीबीआई ने कहा कि सक्सेना और उसके सहयोगियों को अमेरिका से करीब 685 करोड़ रुपये मिले।