उत्साह से  मनाया गया राष्ट्रीय बालिका दिवस

46

सिलवासा। दादरा नगर हवेली प्रशासन द्वारा रखोली स्कूल परिसर में राष्ट्रीय बालिका दिवस के तहत बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ उत्सव बेटी है वरदान, उसका करो सम्मान के सूत्र के साथ मनाया गया। इस उपलक्ष्य में रखोली में कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। जिसका उद्घाटन कलेक्टर और छोटी बच्चियों के हाथों दीप प्रज्ज्वलित कर किया। उसके बाद प्रदेश की विविध स्कूलों की छात्राओं द्वारा बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के संदेश के साथ वक्तव्य दिया गया। उसके बाद आदिवासी समाज में से भी कई महिलाओं ने अपनी जीवन गाथा का वर्णन किया और पढ़ लिखकर डॉक्टर सहित उच्च ओहदे पर पहुंचने के अनुभव साझा किे गए। स्वास्थ्य विभाग के डायरेक्टर डॉ वीके दास ने अनुपात एक्ट 1994 के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस प्रदेश में भी 2017-18 में यह एक्ट लागू किया गया। जिसके लिए सभी अस्पतालों और सोनोग्राफी सेन्टर को रजिस्ट्रेशन करवाना जरुरी है। उन्हें सख्त कानून का अमल करना जरुरी है। जिसमें अल्ट्रासाउन्ड, सोनोग्राफी या अन्य किसी भी रिपोर्ट में डॉक्टर बेटा या बेटी का परीक्षण नहीं कर सकते। जो भई इसका उल्लंघन करेगा उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाती है। दानह कलेक्टर और महिला तथा बाल विकास के सचिव संदीप कुमार सिंह ने कहा कि पहले के समय में समाज में कई बुराइयों के कारण कन्याओं को योग्य अवसर नहीं दिया जाता था। जिसके कारण राष्ट्रीय बालिका दिवस मनाया जाता है। जिससे बालिकाएं समाज में आगे आ रही हैं। अब के समय में बालकों के साथ बच्चियों को भी योग्य सम्मान दिया जा रहा है।  उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री से लेकर कई बड़े पदों पर महिलाओं का योगदान रहा है। भूतपूर्व प्रधानमंत्री स्व इंदिरा गांधी लंबे समय तक देश की प्रधानमंत्री रही और देश की सेवा की। आगे उन्होंने कहा कि इस प्रदेश में भी दूधनी जैसे गांव की महिला डॉक्टर बनकर गांव के लोगों की सेवा कर रही है। समाज में किसी भी सुार को लाना हो तब महिलाओं को याद किया जाता है। लेकिन परिवार की बात आने पर बेटी से ज्यादा बेटे से अपेक्षा की जाती है। उन्होंने कहा कि आज के समय में पुरुषों से ज्यादा महिलाओं में आत्मविश्वास ज्यादा देखा जा रहा है। इस कार्यक्रम के अंत में नवजात बालिकाओं को किट का वितरण किया गया। इस अवसर पर कलेक्टर संदीपकुमार सिंह, खानवेल आरडीसी राजीव रंजन, स्वास्थ्य विभाग के डायरेक्टर डॉ वीके दास, महिला और बाल विकास अधिकारी, समाज कल्याण विभाग के अधिकारी, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, आशा वर्कर, एएनएम, स्कूल के विद्यार्थियों की उपस्थिति रही।