बगल में स्थित है जोधपुर जेल, फिर भी जारी है भ्रष्टाचार और वसूली का अनोखा खेल!

बगल में स्थित है जोधपुर जेल, फिर भी जारी है भ्रष्टाचार और वसूली का अनोखा खेल! | Kranti Bhaskar
Rajnish sharma food safety officer jodhpur

जोधपुर। यह एक संयोग ही है कि जोधपुर के खाद्य विभाग का कार्यालय जोधपुर की जेल के बिलकुल बगल में स्थित है इस सायोंग पर इस वक्त बात इस लिए हो रही है क्यो की पिछले लंबे समय से जोधपुर की जनता खाद्य विभाग के अधिकारी रजनीश शर्मा की करतूतों से परेशान देखी गई, जनता की माने तो इस अधिकारी का भ्रष्टाचार भी उतना ही प्रसिद्ध है जितनी जोधपुर की जेल, यह और बात है की उक्त अधिकारी अभी तक जांच एजेंसियों के शिकंजे में नहीं आया, वैसे इस पर पर जनता को घोर आश्चर्य भी है और वह इस लिए क्यो कि यह एक ऐसा अधिकारी साबित होता नजर आ रहा है जिसके भ्रष्टाचार के किस्से प्रदेश के बाहर पहोच गए लेकिन बड़े ताज्जुब की बात है की इसके बाद भी उक्त अधिकारी अब तक कैसे कुर्सी का गणेश बना हुआ है। शायद हो सकता है की जैसे अब तक उक्त अधिकारी शिकायतकर्ताओ को नहीं मिला, वैसे ही जांच एजेंसियों को भी ना मिला हो, अब ऐसा क्यो कहा जा रहा है यह भी जान लीजिए।

  • कार्यालय से नदारद रहने वाले अधिकारी की करतूतों से जनता परेशान।
ये भी पढ़ें-  असम, पंजाब से राजस्थान तक मल्लिकार्जुन खड़गे को मिली 'हार', फिर कैसे उठाएंगे कांग्रेस का भार?

बताया जाता है की जोधपुर खाद्य विभाग का अधिकारी रजनीश शर्मा खाद्य विभाग के कार्यालय में हाजरी लगाने के लिए तो आता है लेकिन उसके बाद हाजिर नहीं रहता, जनता द्वारा कई चक्कर काटने के बाद, विभाग में मौजूद अन्य कर्मचारियो से जनता को पता चलता है कि शर्मा जी तो फील्ड पर चले गए, अब कोनसे फील्ड पर गए है और क्या लेने गए है इसका अंदाजा प्रबुद्ध जनता अपने अंदाज में लगा ही लेती है, वैसे बात केवल इतनी ही नहीं है जोधपुर के कई छोटे-बड़े उधोग रजनीश शर्मा के नाम से कापते है कापते इस लिए नहीं की शर्मा जी नियमानुसार कार्यवाही करेंगे, बल्कि इस कपकापाहट का कारण कुछ और ही है जिस पर फिर कभी विस्तार में चर्चा करेंगे, फिलवक्त पुनः इसी मामले में बात करते है। फिलवक्त जनता कि यह मांग है की खाद्य विभाग के अधिकारी रजनीश शर्मा की गेरहाजिरी के कारण जनता तथा शिकायतकर्ताओं को होने वाली परेशानियों से निजात दिलाने हेतु जोधपुर में खाद्य विभाग के अधिकारियों की संख्या बढ़ाई जाए या फिर रजनीश शर्मा को कार्यालय में उपस्थित रहने के निर्देश दिए जाए ताकि जनता का कार्य तथा जनता की शिकायतों पर समय पर संज्ञान लिया जा सके, और जनता में चल रही अजीबो-गरीब चर्चाओं पर विराम लग सके। शेष फिर